लाइव
ब्रेकिंग न्यूज़
ब्रेकिंग न्यूज़ब्रेकिंग

राजस्थान: 150 फीट गहरी घाटी में गूंजा मेनाल का झरना, भारी बारिश के बाद पर्यटकों का सैलाब

ICN24 Newsroom 1 अग॰ 2026, 05:35 am
राजस्थान: 150 फीट गहरी घाटी में गूंजा मेनाल का झरना, भारी बारिश के बाद पर्यटकों का सैलाब

भीलवाड़ा-चित्तौड़गढ़ सीमा पर स्थित प्रसिद्ध मेनाल झरना भारी मानसून के बाद अपने पूरे वेग में बहने लगा है, जिसे देखने के लिए देश-विदेश से पर्यटक पहुंच रहे हैं।

राजस्थान के भीलवाड़ा और चित्तौड़गढ़ जिलों की सीमा पर स्थित प्राकृतिक सौंदर्य का केंद्र 'मेनाल' एक बार फिर जीवंत हो उठा है। क्षेत्र में हुई मूसलाधार बारिश के बाद, मेनाल का प्रसिद्ध झरना अपनी पूरी क्षमता और वेग के साथ 150 फीट गहरी घाटी में गिरने लगा है। चट्टानों से टकराते पानी की गर्जना और चारों ओर फैली मखमली हरियाली ने इस पूरे क्षेत्र को किसी हिल स्टेशन जैसा मनोरम बना दिया है। मानसून की इस पहली बड़ी सक्रियता के बाद, न केवल स्थानीय लोग बल्कि पड़ोसी राज्यों से भी बड़ी संख्या में पर्यटक इस विहंगम दृश्य का आनंद लेने के लिए उमड़ रहे हैं। मेनाल का यह क्षेत्र न केवल अपनी प्राकृतिक सुंदरता के लिए जाना जाता है, बल्कि इसका ऐतिहासिक और आध्यात्मिक महत्व भी अद्वितीय है। झरने के ठीक बगल में स्थित ऐतिहासिक चौहानकालीन शिव मंदिर (नीलकंठेश्वर महादेव) पर्यटकों के लिए मुख्य आकर्षण का केंद्र हैं। 11वीं शताब्दी के इन मंदिरों की नक्काशी और वास्तुकला को 'राजस्थान का लघु खजुराहो' भी कहा जाता है। झरने की गिरती जलधारा और प्राचीन मंदिरों का यह दुर्लभ संगम एक ऐसा वातावरण तैयार करता है जो श्रद्धालुओं और प्रकृति प्रेमियों दोनों को समान रूप से आकर्षित करता है। इतिहास के अनुसार, यह स्थान कभी पृथ्वीराज चौहान का पसंदीदा विश्राम स्थल हुआ करता था। प्रशासन ने पर्यटकों की भारी भीड़ को देखते हुए सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए हैं। भीलवाड़ा और चित्तौड़गढ़ पुलिस की टीमों को झरने के किनारे और मंदिर परिसर में तैनात किया गया है ताकि कोई अप्रिय घटना न हो। बारिश के मौसम में चट्टानों पर फिसलन बढ़ जाती है, जिसे देखते हुए प्रशासन ने चेतावनी बोर्ड लगाए हैं और पर्यटकों से सेल्फी लेते समय सावधानी बरतने की अपील की है। विशेष रूप से उन क्षेत्रों में बैरिकेडिंग की गई है जहाँ से घाटी की गहराई बहुत अधिक है। स्थानीय विक्रेताओं और पर्यटन व्यवसाय से जुड़े लोगों के लिए यह मानसून सीजन आर्थिक राहत लेकर आया है, क्योंकि पिछले कुछ दिनों में पर्यटकों की संख्या में पांच गुना वृद्धि देखी गई है। ऑस्ट्रेलिया में बसे भारतीय समुदाय के लिए, विशेष रूप से वे जो राजस्थान से ताल्लुक रखते हैं, मेनाल की ये तस्वीरें घर की यादें ताजा करने वाली हैं। कई प्रवासी भारतीय अपनी भारत यात्रा के दौरान मानसून के समय मेनाल जाना पसंद करते हैं। मेलबर्न और सिडनी जैसे शहरों में रहने वाले राजस्थानी समुदाय के लोग अक्सर सोशल मीडिया के माध्यम से इन प्राकृतिक स्थलों को साझा कर अपनी संस्कृति और जड़ों से जुड़े रहते हैं। यह स्थान न केवल एक पर्यटन स्थल है, बल्कि राजस्थान की समृद्ध विरासत और मानसून के दौरान थार के प्रवेश द्वार पर बदलने वाली भू-आकृतियों का एक उत्कृष्ट प्रमाण भी है।
शेयर:

संबंधित ख़बरें

जगदलपुर: स्टेशनरी दुकान में लगी भीषण आग, जेसीबी से दीवार तोड़कर आग पर पाया गया काबू
ब्रेकिंगब्रेकिंग

जगदलपुर: स्टेशनरी दुकान में लगी भीषण आग, जेसीबी से दीवार तोड़कर आग पर पाया गया काबू

छत्तीसगढ़ के जगदलपुर में धरमपुरा स्थित एक बड़ी स्टेशनरी दुकान में भीषण आग लग गई। दमकल कर्मियों को आग बुझाने के लिए जेसीबी की मदद से दुकान का अगला हिस्सा तोड़ना पड़ा।

5 अग॰ 2026, 04:39 pm
भारतीय स्टार्टअप ने पेश किया दुपहिया वाहनों के लिए 'स्मार्ट रेन शील्ड', बारिश और धूप से मिलेगा बचाव
ब्रेकिंगब्रेकिंग

भारतीय स्टार्टअप ने पेश किया दुपहिया वाहनों के लिए 'स्मार्ट रेन शील्ड', बारिश और धूप से मिलेगा बचाव

भारतीय स्टार्टअप 'सेपल' ने दुपहिया वाहनों के लिए एक अनोखा 'स्मार्ट रेन शील्ड' लॉन्च किया है, जो बाइक सवारों को बारिश और चिलचिलाती धूप से सुरक्षा प्रदान करेगा।

5 अग॰ 2026, 04:37 pm
अंडर-कंस्ट्रक्शन प्रॉपर्टी के लिए होम लोन? एग्रीमेंट साइन करने से पहले इन 5 जरूरी बातों की करें जांच
ब्रेकिंगब्रेकिंग

अंडर-कंस्ट्रक्शन प्रॉपर्टी के लिए होम लोन? एग्रीमेंट साइन करने से पहले इन 5 जरूरी बातों की करें जांच

निर्माणाधीन संपत्ति के लिए होम लोन लेना एक जटिल प्रक्रिया हो सकती है। विशेषज्ञों का कहना है कि एग्रीमेंट साइन करने से पहले प्री-ईएमआई और पजेशन क्लॉज की जांच करना अनिवार्य है।

5 अग॰ 2026, 03:39 pm